आत्म -परिचय,दिन जल्दी- जल्दी ढलता है -हरिवंश राय बच्चन,प्रश्न-उत्तर आत्म -परिचय,दिन जल्दी- जल्दी ढलता है -हरिवंश राय बच्चन…
12rbse,hindi,chhota mera khet,bagulon ke pankh,uma shankar joshi,vyakhya,छोटा मेरा खेत,बगुलों के पंख,उमा शंकर जोशी,व्याख्या
October 10, 2022छोटा मेरा खेत,बगुलों के पंख,उमा शंकर जोशी,व्याख्या छोटा मेरा खेत,बगुलों के पंख,उमा शंकर जोशी,व्याख्या 1. छोटा मोरा…
12rbse,hindi,rubaiya,firak gorakhpuri,vyakhya,रुबाइयाँ , फ़िराक गोरखपुरी,व्याख्या
October 10, 2022रुबाइयाँ , फ़िराक गोरखपुरी,व्याख्या रुबाइयाँ , फ़िराक गोरखपुरी व्याख्या 1. आंगन में लिए चाँद के टुकड़े को खड़ी…
12rbse,hindi,lakshman moorchha aur ram vilap,vyakhya,लक्ष्मण मूर्छा और राम विलाप, तुलसीदास,व्याख्या
October 10, 2022लक्ष्मण मूर्छा और राम विलाप, तुलसीदास,व्याख्या गोस्वामी तुलसीदास (क) कवितावली 1. किसबी, किसान-कुल, बनिक, भिखारी,भाट, चाकर, चपला नट,…
12rbse,hindi,usha,shamsher bahadur singh,vyakhya,उषा,शमशेर बहादुर सिंह,व्याख्या
October 10, 2022उषा,शमशेर बहादुर सिंह,व्याख्या उषा ,शमशेर बहादुर सिंह 1. प्रात नभ था बहुत नीला शंख जैसे भोर का नभ…
12rbse,hindi,kaimare mein band apahij,raghuveer sahaay,vyakhya, कैमरे में बंद अपाहिज,रघुवीर सहाय,व्याख्या
October 10, 2022कैमरे में बंद अपाहिज,रघुवीर सहाय,व्याख्या रघुवीर सहाय (कैमरे में बंद अपाहिज ) व्याख्या- 1. हम दूरदर्शन पर बोलेंगे…
12rbse,hindi,kavita ke bahane,baat seedhi par,kunwar narayan,vyakhya,कविता के बहाने,बात सीधी थी पर,कुंवर नारायण,व्याख्या
October 10, 2022कविता के बहाने,बात सीधी थी पर,कुंवर नारायण,व्याख्या (क) कविता के बहाने,कुंवर नारायण 1 कविता एक उड़ान हैं चिड़िया…
12rbse,hindi,patang,alok dhanwa ,vyakhya ,पतंग ,आलोक धन्वा,व्याख्या
October 10, 2022पतंग ,आलोक धन्वा,व्याख्या 2-पतंग ,आलोक धन्वा सबसे तेज़ बौछारें गयीं भादो गया सवेरा हुआ खरगोश की आँखों जैसा…
12rbse,hindi,aatm parichay,harivansh ray bachchan,vyakhya, आत्म- परिचय,हरिवंश राय बच्चन ,व्याख्या
October 10, 2022आत्म- परिचय,हरिवंश राय बच्चन ,व्याख्या आत्म– परिचय सन्दर्भ- उपर्युक्त काव्यांश भावों और शब्दों का मणिकांचन योग कर काव्य…
12cbse,hindi,lakshman moorchha aur ram vilap,tulasidas,लक्ष्मण मूर्छा और राम विलाप, तुलसीदास
October 9, 2022लक्ष्मण मूर्छा और राम विलाप, तुलसीदास गोस्वामी तुलसीदास (क) कवितावली 1. किसबी, किसान-कुल, बनिक, भिखारी,भाट, चाकर, चपला नट,…









